झारखंड : पीट-पीटकर युवक की हत्‍या मामले में 5 लोग गिरफ्तार - NDTV Khabar     |       लोकसभा/ मोदी के बारे में कांग्रेस नेता अधीर रंजन ने कहा- कहां गंगा, कहां गंदी नाली; विवाद बढ़ा तो माफी मांगी - Dainik Bhaskar     |       बिखर चुका है बसपा का कास्ट फॉर्मूला, कैसे उबार पाएंगे आनंद-आकाश? - आज तक     |       आचार संहिता उल्लंघन का मामला: आयुक्त के असहमति नोट को सार्वजनिक करने से EC का इनकार - Navbharat Times     |       दिमागी बुखार: सीजेएम ने केंद्रीय मंत्री हर्षवर्धन और मंगल पांडे के खिलाफ दिए जांच के आदेश - अमर उजाला     |       पैरोल पर रिहा होगा राम रहीम!, हरियाणा सरकार ने 'अच्छे आचरण' का दिया हवाला - Times Now Hindi     |       Bangladesh vs Afghanistan Live: 21वें ओवर में बांग्लादेश की टीम 100 के पार पहुंची - आज तक     |       वर्ल्ड कप 2019: सेमीफाइनल के लिए भारत को जीतने हैं 2 मैच, जानें और टीमों का गणित - Navbharat Times     |       ऑस्ट्रेलियाई कोच का दावा- दुनिया को मिल गया है नया धोनी, जानिए कौन है वो - आज तक     |       एक बार फिर India Vs Pakistan! ICC World Cup 2019 के सेमीफाइनल में भिड़ सकती हैं दोनों टीमें - दैनिक जागरण (Dainik Jagran)     |       जम्मू-कश्मीर आरक्षण पर आज अपना पहला बिल संसद में पेश करेंगे अमित शाह - Hindustan     |       NIA को और मजबूत बनाने की तैयारी आतंकी घोषित करने का होगा अधिकार - Zee News Hindi     |       न्यायालय के एक फैसले के बाद देश में लग गई थी इमरजेंसी, जानिए क्या था मामला - दैनिक जागरण (Dainik Jagran)     |       हजारों भक्त सुन रहे थे रामकथा, तूफान ने मचाया कोहराम, देखें Pics - आज तक     |       ईरान बोला, अमेरिका ने खूब कोशिश की, नहीं कर पाया कोई साइबर अटैक - Navbharat Times     |       सऊदी में शादी के लिए पुरुषों से ये शर्तें मनवा रही हैं महिलाएं - आज तक     |       अकेली छूटी महिला, आधी रात को फ्लाइट में नींद खुली तो उड़े होश - आज तक     |       अर्दोआन के लिए इस्तांबुल की हार इसलिए है बड़ा झटका - BBC हिंदी     |       एक पिता ने बेटी की शादी में गाया गाना, वीडियो देख अमिताभ बच्चन की आंखों में आ गए आंसू - अमर उजाला     |       जियो धमाका : 200 रुपए से कम के इस प्लान में मिलेगा महीने भर सबकुछ फ्री, जानें - Himachal Abhi Abhi     |       डील/ बिन्नी बंसल ने फ्लिपकार्ट के 5.4 लाख शेयर 531 करोड़ रु. में वॉलमार्ट को बेचे - Dainik Bhaskar     |       Gold Rate Today: बाजार में आज गिर गए सोने के भाव वहीं चांदी में आया उछाल - दैनिक जागरण (Dainik Jagran)     |       पाकिस्तानी कप्तान Sarfraz Ahmed को फैंस से पड़ी गालियां...तो सपोर्ट में उतर आए बॉलीवुड स्टार्स - दैनिक जागरण (Dainik Jagran)     |       वन डे/ फिल्म निर्माताओं को नहीं मिली दिल्ली की अदालत में सीन फिल्माने की इजाजत - Dainik Bhaskar     |       Kabir Singh box office collection Day 3: शाहिद कपूर की फिल्म का फर्स्ट वीकेंड शानदार - नवभारत टाइम्स     |       Shahrukh Khan ने खुद खोला राज़, Zero फ्लॉप होने के बाद क्यों साइन नहीं की कोई फिल्म - दैनिक जागरण (Dainik Jagran)     |       World Cup 2019, IND vs AFG: इसलिए सचिन तेंदुलकर ने धोनी-जाधव की बल्लेबाजी पर उठाया सवाल - NDTV India     |       वर्ल्ड कप/ भारत की फील्डिंग सबसे चुस्त, पाकिस्तान ने छोड़े सबसे ज्यादा 14 कैच - Dainik Bhaskar     |       शमी ने बताया हैटट्रिक से पहले धौनी ने उनसे क्या कहा, बुमराह ने लिया मैदान पर इंटरव्यू - प्रभात खबर     |       पैसों के लिए आईपीएल खेला, वर्ल्ड कप में कर दिया टीम का बेड़ा गर्क - आज तक     |      

जीवनशैली


अफगानिस्तान में दस्त से 26 बच्चों की रोज होती है मौत

यूनिसेफ द्वारा दी हुई जानकारी के अनुसार अफगानिस्तान में दस्त से सालाना 9, 500 मौतें होती हैं। वहीँ, 12 लाख बच्चे पहले से कुपोषित हैं और 41 प्रतिशत बच्चे अविकसित हैं।


26-children-die-of-diarrhea-in-Afghanistan-every-day

लम्बे समय तक तालिबानी शासन झेलते रहे अफगानिस्तान में स्वास्थ्य सुविधाओं का अभी भी बुरा हाल है। संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (यूनिसेफ) के अनुसार अफगानिस्तान में हर दिन दस्त से कम से कम 26 बच्चों की मौत होती है। जबकि हर साल इस बीमारी से मरने वाले बच्चों की संख्या देश में 9,500 पहुंच गई है।

यूनिसेफ ने एक बयान में कहा है कि दस्त के कारण मरने वाले बच्चों की कुल संख्या 9, 500 हो गई है जो कि अफगानिस्तान में सालाना पांच वर्ष से कम उम्र के मरने वाले बच्चों की संख्या 80,000 का 12 प्रतिशत है।

यूनिसेफ की रिपोर्ट के मुताबिक दस्त संक्रमण से जुड़ा जोखिम अफगानिस्तान में बढ़ गया है, जहां 12 लाख बच्चे पहले से कुपोषित हैं और 41 प्रतिशत बच्चे अविकसित हैं।

समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने अफगानिस्तान में यूनीसेफ के प्रतिनिधि एडेल खोर्ड के हवाले से बताया, "शौचालय का प्रयोग करना और अपने हाथों को धोना सचमुच जिंदगी या मौत का मामला है और दस्त से मृत्यु विशेष रूप से दुखद है क्योंकि ज्यादातर मामलों में इससे आसानी से बचा जा सकता है।"

advertisement