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गपशप


नए रूप में प्रणब दा

प्रणब दा हमेशा से प्रोटोकॉल के पक्के रहे हैं, चुनांचे उन्होंने कभी ऐसी परंपराओं को पोषित नहीं किया जिससे उनके ऊपर कोई सवाल उठा सके।


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प्रणब दा जब से राष्ट्रपति भवन से लूटियंस जोन के 10 राजाजी मार्ग के बंगले में शिफ्ट हुए हैं, वे पूरी तरह से एक फैमिली मैन हो गए हैं। उनके इस डुफ्ले बंगले की पहली मंजिल पर इनकी पुत्री शर्मिष्ठा मुखर्जी रहती हैं जो दिल्ली प्रदेश कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता हैं। नीचे दादा स्वयं रहते हैं, जहां दो कमरों में उन्होंने अपना ऑफिस और रीडिंग रूम बना रखा है। सनद रहे कि प्रणब दा को पढ़ने का बहुत शौक है और उनकी अपनी लाईब्रेरी भी बहुत समृद्ध है। जब प्रणब दा राष्ट्रपति भवन में रहते थे तो उनकी पुत्री चाहकर भी उनके साथ नहीं रह सकती थीं, क्योंकि वह देश के एक प्रमुख राजनैतिक दल की पदाधिकारी थीं।

प्रणब दा हमेशा से प्रोटोकॉल के पक्के रहे हैं, चुनांचे उन्होंने कभी ऐसी परंपराओं को पोषित नहीं किया जिससे उनके ऊपर कोई सवाल उठा सके। अब प्रणब दा अपनी मर्जी से मुलाकातियों की लिस्ट को फाइनल कर रहे हैं, इस कार्य में उनकी पुत्री उनका हाथ बंटा रही हैं। और यही वक्त है जब कि कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व को भी प्रणब दा के अनुभवों की सख्त दरकार है।

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